गुरुग्राम की ब्यूटीशियन का सिर ढूंढने पुलिस फिर उत्तराखंड गई:भाई ने हाथ पकड़े, पिता ने पैर दबाए, मुश्ताक ने लिव-इन पार्टनर को हथियार से काटा

गुरुग्राम की ब्यूटीशियन का सिर ढूंढने पुलिस फिर उत्तराखंड गई:भाई ने हाथ पकड़े, पिता ने पैर दबाए, मुश्ताक ने लिव-इन पार्टनर को हथियार से काटा
गुरुग्राम में ब्यूटीशियन पूजा मंडल उर्फ झरना (32 वर्ष) की गला काटकर निर्मम हत्या के मामले में पुलिस ने फिर से सिर तलाशने के लिए सर्च अभियान शुरू किया है। इस जघन्य अपराध में शामिल मुख्य आरोपी मुश्ताक के पिता की निशानदेही पर पूजा के सिर को बरामद करने के लिए पुलिस की एक विशेष टीम उत्तराखंड रवाना हो चुकी है। इस हत्याकांड की गुत्थी सुलझाने के लिए पुलिस ने मुख्य आरोपी के पिता अली अहमद को पांच दिन के रिमांड पर लिया है, ताकि हत्या से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण तथ्यों का खुलासा हो सके। उत्तराखंड के उधम सिंह नगर जिले की बंगाली कॉलोनी की रहने वाली पूजा मंडल की हत्या का यह मामला 30 जनवरी को तब सामने आया, जब पूजा की बहन ने उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दी। भाई ने हाथ पकड़े, पिता ने पैर पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी मुश्ताक अहमद को गिरफ्तार किया तो पूछताछ में सनसनीखेज खुलासा हुआ। उसने अपने भाई सद्दाम हुसैन और पिता अली अहमद के साथ मिलकर पूजा की गला काटकर हत्या की थी। इस अपराध की क्रूरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि हत्यारों ने पूजा के शव को दो हिस्सों में बांट दिया था। पुलिस के मुताबिक भाई ने हाथ पकड़े और पिता ने पैर दबा लिए, इसके बाद मुश्ताक ने तेज धार हथियार से सिर धड़ से अलग कर दिया। शरीर मिल चुका है पुलिस ने मुश्ताक की निशानदेही पर पूजा के धड़ को उत्तराखंड में एक नहर के पुल के नीचे से बरामद कर लिया था, लेकिन उसका सिर अभी तक नहीं मिला है। पुलिस ने इस मामले में पहले ही सद्दाम हुसैन को रिमांड पूरा होने के बाद जेल भेज दिया है। अब जांच का सारा ध्यान मुख्य आरोपी के पिता अली अहमद पर टिका है। मंगलवार को सेक्टर-5 थाने की पुलिस ने अली अहमद को लेकर उत्तराखंड के लिए कूच किया। पुलिस का मकसद अली की निशानदेही पर पूजा के सिर को बरामद करना है, जो इस हत्याकांड के रहस्य को पूरी तरह सुलझाने में अहम साबित हो सकता है। पुलिस को उम्मीद है कि अली अहमद की पूछताछ से न केवल सिर की बरामदगी हो सकेगी, बल्कि इस हत्याकांड के पीछे के कारणों और अन्य शामिल लोगों की जानकारी भी सामने आ सकती है। पूजा का सिर तलाश करेगी पुलिस सेक्टर-5 थाने के एसएचओ सुखबीर ने बताया कि हमारी टीम आरोपी अली अहमद की निशानदेही पर पूजा मंडल के सिर को ढूंढने का प्रयास कर रही है। अभी तक मृतका का सिर बरामद नहीं हुआ है। अली अहमद से हत्या से जुड़ी अन्य जानकारियां भी जुटाई जा रही हैं। उन्होंने बताया कि पुलिस इस मामले में सभी संभावित सुरागों पर काम कर रही है ताकि क्राइम की पूरी कहानी सामने आ सके। अब जानिए पूजा मर्डर केस की कहानी.. गुरुग्राम में मुलाकात, हिंदू नाम बताकर बढ़ाई नजदीकियां उत्तराखंड के सितारगंज के गौरीखेड़ा से गिरफ्तार हुए मुश्ताक अहमद ने पुलिस को पूछताछ में बताया था कि साल 2022 में पहली बार पूजा से उसकी मुलाकात रुद्रपुर रोडवेज बस में गुरुग्राम आते वक्त हुई थी। उसने अपना नाम अजीत बताया था। पूजा भी उत्तराखंड की रहने वाली थी, इसलिए उससे आसानी से दोस्ती हो गई। पूजा गुरुग्राम के एक स्पा सेंटर में काम करती थी। इसके बाद 2022 में उत्तराखंड में पूजा की मां बीमार हो गई थी। मां को देखने के लिए दो से तीन बार पूजा मुश्ताक की टैक्सी लेकर उत्तराखंड गई थी। इससे दोनों में नजदीकियां बढ़ गईं। लिव इन में रहने लगे, झांसा देकर शादी भी की मुश्ताक ने पुलिस को बताया कि इस दौरान दोनों में नजदीकियां बढ़ीं तो लिव इन में रहने का फैसला किया। दोनों के साथ रहने से किसी को दिक्कत न हो, इसके लिए दोनों ने सितंबर 2024 में शादी भी कर ली। वह अक्टूबर 2024 में पूजा को छोड़कर अपने घर सितारगंज चला गया और रिश्तेदारी में ही एक मुस्लिम लड़की से निकाह कर लिया। इसका राज न खुले, इसके लिए वह काम होने की बात कहकर कभी गुरुग्राम और कभी सितारगंज आता-जाता रहता था। पूजा ने किया हंगामा, बनाई हत्या की प्लानिंग आरोपी के अनुसार, जब पूजा को उसकी शादी का पता चला तो उससे सहन नहीं हुआ। उसने कहा कि जब पहले शादी उससे कर ली थी तो अपनी बिरादरी में दूसरी शादी क्यों की? इस बात को लेकर वह सितारगंज तक आ गई। यहां उसने घर में हंगामा किया और पुलिस को शिकायत भी दी। मुश्ताक पूजा को लेकर अपनी बहन के घर अमाऊ गांव चला गया। उसके पीछे सद्दाम और अली अहमद भी वहीं आ गए। रात को तीनों ने मिलकर उसकी हत्या कर दी। बहन ने गुमशुदगी की FIR कराई 19 दिसंबर 2024 को पूजा की बहन ने थाना सेक्टर-5 में उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई। पुलिस ने जांच की तो पता चला कि वह उत्तराखंड के ही गांव गोरी खेड़ा के मुश्ताक अहमद के साथ लिव-इन में रहती थी। पुलिस ने मुश्ताक अहमद की तलाश करके उसे 30 जनवरी 2025 को उत्तराखंड से पकड़ लिया। पूछताछ करने पर पता चला कि उसने पूजा की हत्या कर दी। पुलिस ने पूजा की सिर कटी लाश को उत्तराखंड में एक नहर के पुल के नीचे से बरामद किया। दरअसल यह हत्याकांड गुरुग्राम और उत्तराखंड की पुलिस के लिए एक बड़ी चुनौती बना हुआ है। पूजा की हत्या के पीछे के कारणों का अभी तक सटीक पता नहीं चल सका है, लेकिन पुलिस का कहना है कि रिमांड के दौरान अली अहमद से पूछताछ में कई अहम खुलासे हो सकते हैं। पूजा के सिर की बरामदगी और हत्याकांड से जुड़े अन्य तथ्यों का खुलासा इस जांच की दिशा तय करेगा।